कृषि बिल के खिलाफ 26 को दिल्ली कूच करेंगे किसान - OTA BREAKING NEWS

Breaking

Post Top Ad

Responsive Ads Here

Tuesday, 17 November 2020

कृषि बिल के खिलाफ 26 को दिल्ली कूच करेंगे किसान

अखिल भारतीय किसान सभा हरियाणा के उपाध्यक्ष एडवोकेट श्रद्धानंद सोलंकी ने कहा कि 26 नवंबर को होने वाली राष्ट्रव्यापी हड़ताल और किसानों द्वारा दिल्ली घेराव आंदोलन केंद्र व राज्य सरकार के लिए कील का काम करेगी । आंतिल चौबीसी ने भी किसानों को दिल्ली कूच आंदोलन का समर्थन किया है। सौलंकी मंगलवार को नांगल खुर्द गांव मे आंतिल चौबीसी की पंचायत को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार ने मजदूरों के श्रम कानूनों को बदलकर कॉर्पोरेट जगत के पक्ष में बना दिया है। प्रताड़ित मजदूरों को कॉर्पोरेट जगत का गुलाम बना दिया है। 44 श्रम कानूनों के 3 कोड बना दिए गए हैं । 8 घंटे से 12 घंटे की ड्यूटी करने, यूनियन बनाने का अधिकार छिनने, हड़ताल का अधिकार तक छीन लिया है। उन्होंने कहा कि खेती में बनाए गए तीन कानून कृषि एवं किसानी को उजाड़ देंगे।किसान अपनी ही जमीन में मजदूर बन जाएगा । किसान के हाथ से जमीन चली जाएगी। मंडियां खत्म हो जाएंगी।

जिससे पहले से आर्थिक संकट से जूझ रहा किसान बर्बाद हो जाएगा । .उन्होंने कहा कि 26- 27 नवंबर को पूरे देश के 250 से ज्यादा किसान संगठनों के आह्वान पर दिल्ली घेराव,, रास्ते रोको आंदोलन होगा। सौलंकी ने कहा कि भाजपा सरकार झूठ बोलकर सत्ता पर काबिज हुई और देश को बर्बादी में धकेल दिया। तमाम सार्वजनिक क्षेत्र को बेचा जा रहा है । बाजार मंदी की चपेट में है। उद्योग धंधे चौपट हो गए हैं। सार्वजनिक क्षेत्र को कौड़ियों के भाव राष्ट्रीय एवं बहुराष्ट्रीय कंपनियों को बेचा जा रहा है।

नई भर्तियों पर रोक लगा दी है। पहले से लगे कर्मचारियों की छटनियां की जा रही हैं,। कानून व्यवस्था बिगड़ती जा रही है। लूट,बलात्कार, , डकैती, कत्लेआम दिन प्रतिदिन बढ़ रहा है। मंडियों में किसानों की फसलों को पीटा जा रहा है। इस मौके पर सीटू के जिला प्रधान आनंद शर्मा, आंतिल चौबीसी के प्रधान हवासिंह आंतिल, आंतिल बारह खाप के प्रधान जयभगवान आंतिल, हवासिंह पहलवान, नरेंद्र कोच्र, सूबे सिंह कुराड़, राजे नंबरदार, मेहर सिंह पलड़ी आदि मौजूद थे।

मुंडलाना में भाकियू नेता गुरनाम सिंह ने की मीटिंग

तीन कृषि कानूनों को वापस लेने के लिए सरकार पर दबाव बनाने के लिए किसान संगठनों द्वारा 26 नवंबर को दिल्ली का घेराव किया जाएगा। भाकियू नेता गुरनाम सिंह ने मंगलवार को मुंडलाना गांव में किसानों के साथ मीटिंग की और दिल्ली घेराव कार्यक्रम को लेकर चर्चा की। गुरनाम सिंह ने कहा कि नए कृषि कानून किसान हित में नहीं है। इसलिए किसान संगठन शुरू से ही कानूनों को वापस लेने की मांग सरकार से कर रहे हैं। यह लड़ाई एक प्रदेश की न होकर देश के किसान की है। इसलिए देश का किसान तीन कानूनों को लेकर एकजुट होकर लड़ाई लड़ रहा है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
नांगल खुर्द गांव में पंचायत में बोलते श्रद्धानंद सौलंकी।


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3pC0LAk

ADD











Pages