डिफेंस कॉलोनी के ए, बी, सी व डी सेक्टरों की कचरा ट्रॉली और पार्क गेट पर तालाबंदी के मुद्दे पर दो पक्षों में जुबानी जंग शुरू हो गई है। एक पक्ष ने रविवार को डिफेंस कॉलोनी वेलफेयर एसोसिएशन के खिलाफ लाउड स्पीकर पर मुर्दाबाद के नारे लगाए। आरोप लगाया गया कि कचरे की ट्रॉली कई-कई दिन एक ही जगह खड़ी रहती है और आसपास के घरों को दुर्गंध ने परेशान कर रखा है। दो माह से एसोसिएशन को लिखित में अवगत करवाया जा चुका है। एसोसिएशन ने पार्क पर ताला लगा दिया है। लोगों ने एसोसिएशन के चुनाव न होने पर एतराज जताया है।
नारेबाजी करने वालों में पूर्व मंत्री निर्मल सिंह के हरियाणा डेमोक्रेटिक फ्रंट से जुड़े कुछ लोग भी शामिल थे। सोनू गुर्जर, गौरव मंढाण ने कहा कि डिफेंस कॉलोनी चौक पर जहां कचरे की ट्रॉली खड़ी की जाती है, वहीं पास ही गुरुद्वारा है। बीसी बाजार निवासी कुलदीप यादव का खाली प्लाॅट है। इस चौक पर डिफेंस कॉलोनी ए, बी, सी, डी के साथ-साथ टुंडला समेत अन्य जगहों पर आने और यहां से जाने वाले लोग ऑटो में बैठते और उतरते हैं। प्लाॅट मालिक भी यहां ट्राॅली खड़ी करने और गंदगी गिराने पर आपत्ति जता चुका है। संजीव, नवीन, सिमी, हैप्पी, रामपाल और मोंटू दास ने बताया कि डिफेंस कॉलोनी में प्लाॅट काटने वाले व्यक्ति ने एक पार्क भी संस्था के नाम किया था। लेकिन एसोसिएशन ने पार्क पर ताला लगाकर कब्जा किया हुआ है।
दो-दो जगहों पर देने पड़ रहे हैं पैसे : डिफेंस कॉलोनी के पूरे एरिया में करीब 1,500 कोठियां हैं। इनमें से सेक्टर में 450 मकान मालिक एसोसिएशन को प्रति माह 50 रुपए कूड़ा कलेक्शन की एवज में देते हैं। लोगों ने आरोप लगाया कि नगर परिषद के कर्मचारी कोई गंदगी और नाली साफ-सफाई करने के लिए नहीं आते हैं। मजबूरी में लोगों को नगर परिषद और एसोसिएशन को अलग-अलग पैसे देने पड़ते हैं।
एसोसिएशन के प्रधान बोले- विरोध करने वालों में कोई सदस्य नहीं, यह सिर्फ गुंडागर्दी हो रही है
डिफेंस कॉलोनी का पूरा एरिया रेसीडेंशियल है। अब कचरे की ट्रॉली को कहां पर खड़ा किया जाए? एसोसिएशन के मेंबर और परिषद के सेनेटरी इंस्पेक्टर जगह नहीं बता पा रहे हैं। इसलिए नई जगह मिलने तक ट्रॉली वहीं खड़ी होगी। एसोसिएशन के पास सिर्फ ट्रॉली है और इसमें सदर नगर का ट्रैक्टर इस्तेमाल होता है। परिषद का ट्रैक्टर तीन दिन बाद आता है और ट्रॉली को निर्धारित जगह पर खाली करके वापस खड़ा कर देता है। रही बात पार्क गेट पर ताला लगाने की तो असल वजह यह है कि यहां नशेड़ी आते थे।
इसलिए दीवार ऊंचा करने के साथ-साथ उस पर ताला लगाकर बंद किया हुआ है। अब जल्द ही एक वॉलंटियर तैयार करके उसे चाबी देंगे। जो निर्धारित समय पर पार्क गेट खोलेगा व बंद करेगा। मार्च 2020 में एसोसिएशन ने चुनाव के लिए एक सर्कुलर निकाला था और रिटर्निंग ऑफिसर भी नियुक्त किया था लेकिन कोई नहीं आया। ऐसी स्थिति में मार्च 2023 तक मुझे प्रधान बनाया है। लोगों को यदि दिक्कत है तो हमें आकर शिकायत करें और सुझाव दें। विरोध करने वालों में कोई हमारी एसोसिएशन का सदस्य नहीं है, ये सिर्फ गुंदा गर्दी कर रहे हैं।
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