रेडकर सील की गई शराब की 5696 पेटियों को गोदाम से चोरी कर लॉकडाउन में बेचने के मामले एसआईटी की जांच जारी है। मामले के मुख्य आरोपी बर्खास्त इंस्पेक्टर जसबीर सिंह को लेेेकर एसआईटी के डीएसपी नरेंद्र का कादियान ने पंजाब के राजपुरा स्थित एनवी फैक्ट्री में रेड की। आरोपी भूपेंद्र यहीं से सस्ती शराब सोनीपत मंगवाता था।
नकली लेबल से तैयार करता था मंहगी शराब : जांच में पता चला कि एनवी फैक्ट्री से भूपेंद्र 450 रुपए की शराब की पेटी खरीदता था, इसके बाद उसी शराब पर सोनीपत में ब्रांडेड कंपनी के नकली लेबल लगाकर एक पेटी को 4 हजार तक में तैयार कर बेच देता था। यानि 9 गुणा मुनाफे पर। बर्खास्त इंस्पेक्टर जसबीर को आरोपी भूपेंद्र के इस ठिकाने का पता था। एसआईटी ने राजपुरा पंजाब की एनवी फैक्टरी से शराब के सेंपल भी भरे। ताकि पता चल सके शराब गुणवत्ता के मापदंड पर खरी है या नहीं।
करीब 30 हजार पेटी शराब पंजाब से लाया : एसआईटी ने बताया पंजाब की एनवी शराब फैक्ट्री से आरोपी भूपेंद्र ठेकेदार ने करीब 30 हजार पेटी शराब की खरीदी। इन आरोपों की जांच लगातार जारी है। शुरुआती जांच में इस बात का पता आरोपी बर्खास्त इंस्पेक्टर जसबीर से पता चला है। जसबीर लगातार आरोपी भूपेंद्र ठेकेदार के राज खोल रहा है।
तीन आरोपी अभी भी फरार , : इस मामले में एसआईटी की पकड़ से अभी भी तीन आरोपी बचे हुए हैं। आरोपी भूपेंद्र का भाई जितेंद्र, संजय व सतीश फरार हैं। जिनको लेकर दबिश दी जा रही हैं। इनकी गिरफ्तारी इस केस में अहम है। इंस्पेक्टर मंदीप ने बताया कि इनकी संपत्ति कुर्क की तैयारी हो गई है। इनकी संपत्ति का ब्यौरा लिया जा रहा है।
भूपेंद्र को गुजरात से जमानत मिली
आरोपी भूपेंद्र को पूछताछ के लिए गुजरात पुलिस लेकर गई थी। खरखौदा थाना प्रभारी मंदीप ने बताया कि भूपेंद्र की वहां के केस में जमानत हो गई। इंस्पेक्टर मंदीप ने बताया की उसका ट्रांसफर हो गया है, लेकिन अभी रिलीव नहीं हुआ।
बर्खास्त इंस्पेक्टर जसबीर से पूछताछ जारी है। जसबीर की निशानदेही पर राजपुरा पंजाब की एनवी शराब फैक्टरी पर रेड की गई। यहां से शराब के सेंपल भी भरे। जसबीर से पूछताछ में पता चला है कि भूपेंद्र एनवी फैक्टरी से ही सस्ती शराब खरीदता था। इसके बाद ब्रांडेड कंपनी के नकली लेबल से इस सस्ती शराब को मंहगी कर बेचता था।-नरेंद्र कादियान, एसआईटी डीएसपी।
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